कहने के तरीक़े
| उज़्बेक | उच्चारण | अर्थ | कब |
|---|---|---|---|
| Tushunmadim | तुशुनमदिम | मुझे समझ नहीं आया | कुछ कहे जाने के बाद। |
| Tushunmayapman | तुशुनमयप्मन | मुझे समझ नहीं आ रहा | उसी वक़्त, जब हो रहा हो। |
| Sekinroq gapiring, iltimos | सेकिनरोक़ गपिरिंग, इल्तिमोस | कृपया थोड़ा धीरे बोलिए | |
| Yana bir marta ayting | यना बिर मर्ता आयतिंग | एक बार फिर कहिए | |
| Oʻzbekchani yaxshi bilmayman | ओज़्बेकचानी यख़्शी बिल्मयमन | मुझे उज़्बेक अच्छी तरह नहीं आती |
उच्चारण वाला कॉलम देवनागरी में अनुमानित उच्चारण है; उज़्बेक में ज़ोर आम तौर पर आख़िरी अक्षर पर पड़ता है। x उर्दू का ख़ (خ) है, q उर्दू का क़ (ق) और gʻ उर्दू का ग़ (غ)। oʻ बंद, गोल “ओ” है; सादा o ज़्यादा खुला है, “ऑ” के क़रीब, इसे “आ” मत पढ़िए। उज़्बेक में महाप्राण (ख, घ, थ) और मूर्धन्य (ट, ड) ध्वनियाँ नहीं हैं।
शाब्दिक अर्थ
समझ-नहीं-आया-मुझे। यहाँ भी क्रिया वाक्य के आख़िर में आती है, हिन्दी की तरह।
असल बातचीत में
- क्लर्क: Pasportingizni bering, keyin toʻlovni qiling.
अपना पासपोर्ट दीजिए, फिर भुगतान कीजिए। - आप: Kechirasiz, tushunmadim. Sekinroq gapiring, iltimos.
माफ़ कीजिए, मुझे समझ नहीं आया। कृपया थोड़ा धीरे बोलिए। - क्लर्क: Pasport. Keyin toʻlov.
पासपोर्ट। फिर भुगतान। - आप: Tushundim, rahmat!
समझ गया, धन्यवाद!
जानने लायक़ बातें
- बीच में आया -ma- नकार है: tushundim (मुझे समझ आया), tushun-ma-dim (मुझे समझ नहीं आया)। हिन्दी में नकार अलग शब्द “नहीं” से बनता है, उज़्बेक में यह क्रिया के भीतर ही जुड़ जाता है।
- Tushundim, “समझ गया”, भी साथ में सीखने लायक़ है।
- उज़्बेक में पूछे जाने पर लोग आसानी से धीरे बोलने और आसान करने लगते हैं। रूसी या अंग्रेज़ी में पूछने पर अक्सर वे बस भाषा बदल देते हैं।
आम ग़लतियाँ
- yoʻq tushundim कहना। क्रियाओं को -ma- से नकारा जाता है, yoʻq से नहीं।
यह वाक्य मुफ़्त वाक्यांश-पुस्तिका के उज़्बेक में अपना परिचय देना पन्ने का हिस्सा है, जहाँ इसके पीछे का व्याकरण भी समझाया गया है।